झंझारपुर में गरजे अमित शाह
परिवारवाद और तुष्टीकरण की राजनीति पर किया प्रहार
मधुबनी। बिहार के मधुबनी के झंझारपुर में चुनावी सभा को संबोधित करते हुए गृह मंत्री अमित शाह ने विपक्षी गठबंधन को निशाने पर लेते हुए कहा कि लालू राज में मिथिला पीछे चला गया लेकिन मोदी जी जब सत्ता में आए तो यहां के तालाब, मछली और मखाना को बचाने का काम किया। इतना ही नहीं मैथिली भाषा को आठवी अनुसूची में डाला।
अमित शाह ने कहा कि पीएम नरेंद्र मोदी को तीसरी बार प्रधानमंत्री बनाने का मतलब है कि बिहार और देश से जातिवाद को खत्म करना। नरेंद्र मोदी को तीसरी बार पीएम बनाने का मतलब है बिहार और देश से भ्रष्टाचार को पूरी तरह से खत्म करना। अमित शाह ने कहा कि अगर इंडी गठबंधन की सरकार बनती है तो इनके पास प्रधानमंत्री का कोई चेहरा है क्या। उन्होंन जनता से सवाल किया कि आप ही बताइये लालू यादव देश के प्रधानमंत्री बन सकते हैं क्या। स्टालिन और राहुल गांधी पीएम बन सकते हैं क्या। अगर गलती से इंडी गठबंधन की सरकार बन जाती है तो ये लोग एक-एक साल अलग-अलग प्रधानमंत्री बनेंगे। एक साल लालू जी प्रधानमंत्री बनेंगे, फिर एक.एक साल अन्य नेता और आखिर में थोड़ा कार्यकाल बचेगा तो राहुल गांधी को प्रधानमंत्री बनने का अवसर मिलेगा।
अमित शाह ने कहा कि कोरोना काल में मोदी जी देश के सभी लोगों को टीका लगवाया, लेकिन तब राहुल बाबा लोगों से कहते थे कि टीका मत लगवाइए यह मोदी टीका है। राहुल बाबा को शर्म करनी चाहिए कि कोरोना काल में उन्होंने टीके का मज़ाक बनाया। गृह मंत्री अमित शाह ने कहा कि अयोध्या मंदिर का निमंत्रण सबको दिया गया लेकिन, लालू जीए सोनिया जी तुष्टिकरण की राजनीति के कारण नहीं गए। श्री शाह ने परिवारवाद पर हमला बोलते हुए कहा कि परिवारवादी पार्टियां देश का भला नहीं कर सकती है। सोनिया जी राहुल को प्रधानमंत्री बनाने के चक्कर में है तो लालू जी अपने बेटे को मुख्यमंत्री बनाने के चक्कर में है। देश का भला मात्र मोदी जी कर सकते हैं।अमित शाह ने जेडीयू प्रत्याशी राम प्रीत मंडल के लिए वोट मांगते हुए कहा कि झंझारपुर की जनता इन्हें भारी मतों से विजयी बनाइये और देश में पीएम मोदी की सरकार बनाने का काम करें।
