होलिका दहन पर सरसों के उबटन का महत्व
इस साल होली 25 मार्च 2024 को है। वहीं होलिका दहन 24 मार्च को रात में की जाएगी। धार्मिक मान्यता है कि होलिका दहन की रात को सरसों का उबटन बनाकर लगाने से शरीर रोग मुक्त होता है।
सनातन धर्म में होलिका दहन की रात को पूरे शरीर में उबटन लगाए जाने की परंपरा है। ज्योतिष के अनुसार यदि होलिका दहन से पहले उबटन को लगाने के बाद निकली मैल को होलिका की आग में डालकर जला दिया जाता है। धार्मिक मान्यता है कि उबटन के साथ उसके जीवन से जुड़ी सारी नकारात्मक सोच जलकर राख हो जाती हैं। ऐसा भी कहा जाता है कि यदि आपके घर में किसी सदस्य का शरीर हमेशा अस्वस्थ रहता हो या फिर लंबे समय से वह किसी शारीरिक पीड़ा से गुजर रहा हो तो उसे जल्द ही स्वास्थ्य लाभ पाने के लिए होलिका दहन की रात काली सरसों से बने उबटन को लगाकर आग में डाल देना चाहिए। मान्यता यह भी है कि इस उपाय को करने पर व्यक्ति के जीवन से जुड़े सारे रोग.दोष दूर हो जाते हैं
