बदमाशों ने की पुलिस पर फायरिंग, कॉन्स्टेबल की मौत
सीवान। बिहार के सीवान में बदमाशों ने पुलिस टीम पर फायरिंग कर दी। गोली लगने से एक कॉन्स्टेबल की मौत हो गई। वहीं, फायरिंग की आवाज सुनकर घर की खिड़की पर पहुंचे एक व्यक्ति को भी गोली लग गई। फायरिंग के बाद सभी आरोपी भाग निकले। घटना ग्यासपुर गांव के पास हुई। पुलिस की 4 मेंबर वाली टीम रात की गश्त पर निकली थी। इसी दौरान सड़क किनारे खाट पर बैठे तीन संदिग्ध पुलिस को देखकर भागने लगे। पीछा करने पर बदमाशों ने अंधाधुंध फायरिंग शुरू कर दी।
बदमाशों की गोली से सिसवन पुलिस स्टेशन में तैनात कॉन्स्टेबल बाल्मीकि यादव (39) की मौके पर ही मौत हो गई। वे पटना जिले के मसौढ़ी के रहने वाले थे। घायल हुए व्यक्ति की पहचान ग्यासपुर गांव के 55 साल के सेराजुद्दीन खान के तौर पर हुई है। उनकी स्थिति गंभीर बनी हुई है। सीवान सदर अस्पताल में उनका इलाज चल रहा है। घटना के बाद पूरे जिले में नाकाबंदी कर अपराधियों की तलाश की जा रही है। बदमाशों की फायरिंग में सिपाही बाल्मीकि यादव को पेट और सीने में गोलियां लगी थीं जिसके बाद वह मौके पर ही उनकी मौत हो गई । इधर, फायरिंग की आवाज सुनकर जो व्यक्ति अपने घर की खिड़की से देखने आया था उसे भी गोली लग गई जिससे वह गंभीर रूप से जख्मी हो गया। दोनों को सीवान सदर अस्पताल लाया गया। सिपाही को मृत घोषित कर दिया गया।
आरोप है कि पुलिस की टीम सिविल ड्रेस और प्राइवेट गाड़ी लेकर शराब तस्करों पर रेड मारने गए थे। लौटने के दौरान उनका नजर तीन संदिग्ध लोगों पर पड़ी। गाड़ी रोकते ही सभी भागने लगे। इसके बाद पुलिस ने सिविल ड्रेस में ही उनका पीछा किया। थोड़ी दूर जाने के बाद अपराधी रुके और कॉन्स्टेबल पर फायरिंग शुरू कर दी। बता दे कि थाने से करीब 7 किलोमीटर की दूरी पर स्थित ग्यासपुर गांव के पास अपराधियों ने घटना को अंजाम दिया। सिसवन थाने के एएसआई सुरेंद्र प्रसाद यादव ने थानाध्यक्ष पर गंभीर आरोप लगाया है। एएसआई सुरेंद्र प्रसाद का कहना है कि एक सिपाही की गोली मारकर हत्या कर दी गई। इसके बाद भी थानाध्यक्ष राजेश कुमार ने इसकी जानकारी तक नहीं दी। करीब 5 घंटे बाद उन्हें सीवान पुलिस लाइन से थाने पर फोन कर जानकारी दी गई। बकायदा पुलिस अधीक्षक शैलेश कुमार सिन्हा ने भी थानाध्यक्ष की कार्यशैली को गलत बताते हुए जांच कर कार्रवाई करने की बात कही है।
