सेबी ने डीमैट अकाउंट को लेकर किया बड़ा बदलाव
नई दिल्ली। नया ट्रेडिंग और डीमैट अकाउंट खुलवाने वालों के लिए बाजार नियामक सेबी ने नियमों में कुछ बदलाव किए हैं। इसके तहत अकाउंट खोलने से पहले एक नॉमिनेशन फॉर्म भरना होगा जिसके जरिए निवेशक किसी को नॉमिनी बना सकता है। अगर वे ऐसा नहीं चाहते हैं तो इसके बदले उन्हें एक डिक्लेरेशन फॉर्म भरना होगा। ये नियम 1 अक्टूबर से लागू होगा।
सेबी ने शुक्रवार को बयान जारी कर कहा कि एक अक्टूबर से नया ट्रेडिंग और डीमैट अकाउंट खोलने वाले को नॉमिनेशन और डिक्लेरेशन फॉर्म का विकल्प मिलेगा। वहीं मौजूदा डीमैट अकाउंट होल्डर्स को 31 मार्च 2022 तक नॉमिनेशन फॉर्म भरना जरूरी है । अगर किसी की ओर से नॉमिनेशन या डिक्लेरेशन फॉर्म नहीं भरा जाता है तो खाता फ्रीज हो सकता है।
अकाउंट होल्डर्स को किसी को नॉमिनी बनाने के लिए नॉमिनेशन फॉर्म को भरकर उस पर साइन करने होंगे। इसमें किसी गवाह की जरूरत नहीं होगी। सर्कुलर के मुताबिक ई.साइन सुविधा का उपयोग करके ऑनलाइन भी नॉमिनेशन और डिक्लेरेशन फॉर्म भरे जा सकते हैं। भारतीय के अलावा किसी एनआरआई को भी नॉमिनी बनाया जा सकता है। एक डीमैट अकाउंट में ज्यादा से ज्यादा तीन लोगों को नॉमिनी बनाया जा सकता है।
डीमैट और ट्रेडिंग अकाउंट होल्डर्स नॉमिनी के नाम को खाता खुलवाते वक्त दे सकते हैं या बाद में अपडेट करा सकते हैं। इससे अकाउंट होल्डर की मृत्यु के बाद शेयर नॉमिनी को दे दिए जाएंगे। अगर दो या उससे ज्यादा नॉमिनी तय किए गए हैं तो अकाउंट होल्डर्स को को सभी नॉमिनी की हिस्सेदारी तय करनी होगी। उसके निधन के बाद उन्हें उसी अनुपात में शेयर मिलेंगे। कोरोना काल के दौरान शेयर बाजार में पैसा लगाने वालों का रुझान काफी बढ़ा है। यही वजह है कि पिछले दो साल के दौरान देश में डीमैट अकाउंट खोलने वालों की संख्या में वृद्धि हुई है। ऐसे में सेबी नियमों को ज्यादा पारदर्शी बनाने में लगा हुआ है।
