बिहार : गंगा.कोसी ने किया डेंजर लेवल को पार
पटना। कोसी.सीमांचल और पूर्वी बिहार में कोसी.गंगा एवं उसकी सहायक नदियां उफान पर है जिसका नतीजा है कि इसका पानी निचले इलाके को पार कर शहर तक पहुंच गया है। गंगा व कोसी कई जगहों पर डेंजर लेवल को पार कर गई है। भागलपुर के सुलतानगंज में गंगा घाट की 12 सीढ़ियां डूब चुकी हैं। श्रावणी मेले के लिए तैयार जर्मन हैंगर टेंट सिटी भी इसकी चपेट में आ गया है। टीएमबीयू कैंपस के साथ ही शहर चारों ओर से बाढ़ के पानी से घिर चुका है।
मुंगेर से प्राप्त जानकारी के अनुुसार गंगा ने रौद्र रूप धारण कर लिया है जिससे गांवों का शहर से संपर्क टूट चुका है। गंगा पार के आधे दर्जन पंचायत बाढ़ के पानी से घिर गए है जबकि कई गांवों का संपर्क मार्ग भी भंग हो गया है। गंगा पार कुतलुपुर, जाफरनगर व टीकारामपुर पंचायत पूरी तरह से बाढ़ के पानी से घिर चुका है। मुंगेर जिले में तीन दर्जन से अधिक पंचायत व नगर निगम मुंगेर के वार्ड बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में आते हैं। रतनपुर पंचायत के लोगों को 7.8 किलोमीटर अधिक दूरी तय कर बरियारपुर प्रखंड की ओर आना पड़ रहा है।
इसी तरह कटिहार में सभी नदिया उग्र हैं। कुरसेला प्रखंड क्षेत्र में बाढ़ की स्थिति गंभीर होती जा रही है। शेरमारी, चांयटोला, कटरिया, बाघमारा, पचखुटी, मेहर टोला, कुरसेला बस्ती, पत्थल टोला, खेरिया, तीनघरिया, गांधी ग्राम बिंदटोली, बालू टोला, बसुहार मजदिया, कमलाकान्ही आदर्श ग्राम, यादव टोली, गुमटी टोला, मधेली, मलेनियां मिर्जापुर, बल्थी महेशपुर आदि गांव बाढ़ के पानी से घिर चुका है।
सुपौल की बात की जाए तो यहां तटबंध के अंदर बसे लोगों के घर-आंगन के साथ-साथ सड़क पर पानी जमा हो गया है। मौजहा पंचायत के वार्ड नंबर 4 में 24 घंटे में तीन दर्जन से अधिक लोगों ने अपने आशियाने को तोड़कर ऊंचे स्थान पर चले गये हैं। पूर्णिया में परमान व बकरा नदी की उफनती जलधारा तटों को पार कर निचले इलाकों में फैलने लगा है। भागलपुर की बात की जाए तो यहां दीपनगर झुग्गी.बस्ती के 100 घर डूब गये। दीपनगर झुग्गी बस्ती समीप बनाये गये पार्षद भवन में बाढ़ का पानी घुस गया है। कहलगांव में भोलसर पंचायत के कुलकुलिया, पकड़तल्ला, आमापुर, चानपुर, एकचारी, रामपुर खड़ाहरा, ओगरी पंचायत के ओगरी, सर्वदीपुर, महेशामुंडा के गांव के नजदीक लगी सब्जी एवं अन्य फसले डूब गए है।।
