आखिर भाजपा ने क्यूं काटा सिटिंग विधायकों का टिकट
रांची। झारखंड विधानसभा 2024 के चुनाव में भाजपा ने अपने तीन सिटिंग विधायकों का टिकट काट दिया है। दरअसल झारखंड में इस बार बीजेपी ने एससी के लिए रिजर्व कांके सीट से समरी लाल की जगह 2014 का चुनाव जीतने वाले जीतू चरण राम, एससी के लिए रिजर्व सिमरिया सीट से किशन दास की जगह उज्जवल दास और सिंदरी के विधायक इंद्रजीत महतो की जगह तारा देवी को अपना उम्मीदवार बनाया है।
वहीं इसके अलावा जमुआ से केदार हाजरा की जगह मंजू देवी और सिंदरी में इंद्रजीत महतो की जगह उनकी पत्नी तारा देवी को प्रत्याशी बनाया है। अब ऐसे में सवाल उठ रहे हैं कि इस बार झारखंड चुनाव में ऐसे कौन से समीकरण बन रहे हैं कि बीजेपी ने अपने सिटिंग विधायकों का टिकट ही क्यों काट दिया। हालांकि कहा जा रहा है कि बीजेपी ने ऐसे ही इन विधायकों का टिकट नहीं काटा है। सूत्रों के अनुसार बीजेपी की सर्वे रिपोर्ट में मिले फीडबैक के आधार पर इन सीटों पर उम्मीदवार बदले गए हैं। बताया जा रहा है कि सिमरिया जमुआ और कांके के विधायक का टिकट एंटी इनकंबेंसी की रिपोर्ट पर काटा गया है, जबकि सिंदरी के विधायक को उनके खराब स्वास्थ्य की वजह से उम्मीदवार नहीं बनाया गया है। हालांकि कायदे से देखा जाए तो भाजपा ने दो सिटिंग विधायकों का ही टिकट काटा है, क्योंकि सिंदरी में इंद्रजीत महतो की जगह उनकी पत्नी तारा देवी को प्रत्याशी बनाया है। दरअसल पिछला चुनाव जीतने के कुछ दिन बाद से ही इंद्रजीत महतो अस्पताल में इलाजरत हैं और उनकी स्थिति बेहद नाजुक बनी हुई है। इसके अलावा कांके विधायक समरी लाल के राजस्थान का मूल निवासी होने के कारण रिजर्वेशन का मसला विवादों में रहा है।
