नीतीश बने सदन के नेता, तेजस्वी बने नेता प्रतिपक्ष
पटना। बिहार विधानसभा के अध्यक्ष प्रेम कुमार ने बुधवार को मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को सदन का नेता मि मान्यता दी और राष्ट्रीय जनता दल (राजद) के वरिष्ठ नेता तेजस्वी प्रसाद यादव को नेता प्रतिपक्ष का दर्जा दिया।
राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान के संबोधन के बाद निचले सदन के सदस्य विधानसभा में इकट्ठा हुए जहां नीतीश कुमार को 18वीं विधानसभा में सदन के नेता के रूप में मान्यता दी गई और राजद नेता तेजस्वी यादव को नेता प्रतिपक्ष का दर्जा दिया गया। इसके बाद श्री कुमार ने विधानसभा के मौजूदा सत्र के लिए पीठासीन अधिकारियों के रूप में रामनारायण मंडल, रत्नेश सदा, भाई वीरेंद्र, कमरुल होदा और ज्योति देवी के नामों की घोषणा की।
विधानसभा अध्यक्ष ने सदन की कार्य मंत्रणा समिति का गठन किया जिसके मुख्यमंत्री नीतीश कुमार, उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और विजय कुमार सिन्हा, संसदीय कार्य मंत्री विजय कुमार चौधरी, वित्त मंत्री विजेंद्र प्रसाद यादव, विपक्ष के नेता तेजस्वी प्रसाद यादव और राजू तिवारी सदस्य बनाए गए । इसके बाद वित्त मंत्री विजेंद्र प्रसाद यादव ने सदन में वित्त वर्ष 2025-26 के लिए दूसरा पूरक बजट पेश किया।
संसदीय कार्य मंत्री विजय कुमार चौधरी ने बिहार विधान मंडल (सदस्यों का वेतनए भत्ता और पेंशनद) अधिनियमए 2006 की धारा.8-(3) के तहत ष्बिहार विधान मंडल (सदस्यों का वेतन, भत्ता और पेंशन) संशोधन) नियमावली 2025 सभा पटल प्रर रखा। उन्होंने 2007 बिहार उद्योग विस्तार पदाधिकारी संवर्ग नियमावली 2015य जिला उद्योग केन्द्र आशुलिपिक संवर्ग नियमावली 2007, बिहार उद्योग क्षेत्रीय लिपिकीय संवर्ग नियमावली 2007, बिहार उद्योग सेवा संवर्ग (संशोधन) नियमावली 2013, बिहार रेशम तकनीकी अधीनस्थ संवर्ग नियमावली 2015, बिहार उद्योग (हस्तकरघा एवं रेशम) क्षेत्रीय लिपिक (भर्ती एवं सेवा शर्त) नियमावली, 2015, बिहार हस्तकरघा तकनीकी अधीनस्थ संवर्ग नियमावली.2015 एवं बिहार औद्योगिक निवेश प्रोत्साहन नियमावली 2016 को भी सभा के पटल पर रखा।
उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने श्बिहार अग्निशमन अधिनियम (संशोधन) 2025 पेश किया जबकि उपमुख्यमंत्री विजय कुमार सिन्हा ने बिहार अमीन संवर्ग नियमावली 2025 सदन पटल पर रख। इसके बाद सदन ने दिवंगत पूर्व विधायक श्रीचंद्र सिंह, हरिनंदन यादव, राणा गंगेश्वर सिंह, शिबू सोरेन और बिहार के पूर्व राज्यपाल सत्यपाल मलिक को श्रद्धांजलि दी।सभी सदस्यों ने दिवंगत आत्माओं के सम्मान में एक मिनट का मौन रखा। इसके बाद श्री कुमार ने सभा की कार्यवाही गुरुवार 11 बजे दिन तक के लिए स्थगित कर दिया।
