अफगानिस्तान में भारत ने निभाई रचनात्मक भूमिका : जॉन किर्बी

वाशिंगटन। पेंटागन ने कहा है कि भारत ने अतीत में प्रशिक्षण और अन्य बुनियादी ढांचे में सुधार के मामले में अफगानिस्तान में रचनात्मक भूमिका निभाई है। अफगानिस्तान पर भारत-अमेरिका सहयोग के बारे में पूछे जाने पर पेंटागन के प्रेस सचिव जॉन किर्बी ने कहा कि अफगानिस्तान को स्थिरता और सुशासन बनाए रखने में मदद करने के लिए इस तरह का प्रयास हमेशा स्वागत योग्य है।
एक सवाल के जवाब में किर्बी ने कहा कि अफगानिस्तान और पाकिस्तान के बीच सीमा पर मौजूद सुरक्षित पनाहगाहों के बारे में संयुक्त राज्य अमेरिका पाकिस्तानी नेतृत्व के साथ बातचीत जारी रखे हुए है। पाकिस्तान और पाकिस्तानी लोग भी उस क्षेत्र से होने वाली आतंकवादी गतिविधियों के शिकार होते हैं। उन्होंने कहा कि हम इस बात को लेकर सतर्क हैं कि अफगानिस्तान में मौजूद सुरक्षित पनाहगाहों के अंदर अधिक असुरक्षा और अस्थिरता का माहौल है।
उन्होंने कहा कि रक्षा सचिव लॉयड ऑस्टिन अफगानिस्तान में सुरक्षा स्थिति के बारे में अंतरराष्ट्रीय समुदाय की चिंता साझा करते हैं जो स्पष्ट रूप से सही दिशा में नहीं जा रही है। उन्होंने कहा कि सचिव का मानना है कि अफगान बलों के पास क्षमता हैए उनके पास युद्ध के मैदान में बड़ा बदलाव लाने की क्षमता है। किर्बी ने कहा कि तालिबान प्रगति कर रहा है। इसमें कोई सवाल ही नहीं है। अफगानों के पास क्षमता है। उनके पास एक सक्षम वायु सेना है।
बता दें कि इस बीच सोमवार को अफगानिस्तान में तालिबान ने एक और प्रांत की राजधानी पर कब्जा कर लिया है। अमेरिका और नाटो सैनिकों की वापसी के बीच बागियों के हमले जारी हैं। हाल के हफ्तों में समूचे अफगानिस्तान में तालिबान ने बढ़त हासिल की है और ग्रामीण इलाकों पर नियंत्रण करने के बाद प्रांतीय राजधानियों की ओर अपना रूख किया है। वहीं वे देश की राजधानी काबुल में वरिष्ठ सरकारी अधिकारियों को भी निशाना बना रहे हैं।

Leave A Reply

Your email address will not be published.