मणिपुर में राष्ट्रपति शासन की अवधि बढ़ने के आसार

इंफाल। मणिपुर में लोकप्रिय सरकार के गठन की चर्चाओं के बीच केंद्र राज्य में राष्ट्रपति शासन की अवधि को और बढ़ाने के विकल्प को भी आजमा सकता है। ऐसी चर्चा है कि केंद्रीय नेतृत्व ने संसद के मौजूदा मानसून सत्र में राष्ट्रपति शासन की अवधि को बढ़ाने की मंजूरी के लिए एक प्रस्ताव पेश करने का मन बना लिया है।
विदित हो कि संविधान के अनुच्छेद 356 (1) के तहत 13 फरवरी 2025 को जारी एक उद्घोषणा के माध्यम से राज्य में राष्ट्रपति शासन लगाया गया था। सत्र के दौरान चर्चा के लिए सूचीबद्ध 17 संभावित मुद्दों में मणिपुर से संबंधित दो अन्य मुद्दे भी शामिल हैं। इससे संकेत मिलता है कि केंद्रीय नेतृत्व सत्र के अंत तक राष्ट्रपति शासन को बढ़ाने की योजना बना रहा है। मणिपुर संबंधी जिन कार्यों पर संसद में चर्चा होनी है उनमें मणिपुर वस्तु एवं सेवा कर (संशोधन) विधेयक 2025 वर्ष 2025-26 के लिए अनुदान मांगों (मणिपुर) पर चर्चा और मतदान साथ ही संबंधित विनियोग विधेयक शामिल हैं।
गौरतलब है कि राज्य में अगला विधानसभा चुनाव 2027 की शुरुआत में होना है। मई 2023 में चुराचांदपुर में शुरू हुए मणिपुर संकट के परिणामस्वरूप लगभग 270 लोगों की मौत हो चुकी है 60, 000 लोग विस्थापित हुए हैं और 31 लोग अभी भी लापता बताए जा रहे हैं।
