असम : डॉक्टर की पिटाई मामले में 24 गिरफ्तार
गुवाहाटी। कोरोना महामारी के दौरान जहां एक ओर लगातार फ्रंटलाइन में लगे डॉक्टर्स कोरोना वॉरियर की भूमिका निभा रहे हैं तो वहीं दूसरी तरफ उनके ऊपर गलत टीका-टिप्पणी और उनकी पिटाई तक की जा रही है। ताजा घटना असम के होजाई जिले की है, जहां पर इलाज के दौरान एक कोविड.19 मरीज की मौत के बाद कुछ लोगों ने युवा डॉक्टर की जमकर पिटाई की। सोशल मीडिया पर यह वीडिया खूब वायरल हो रहा है। असम के मुख्यमंत्री हेमंत बिस्व सरमा ने उस वीडियो को ट्वीट करते हुए बताया कि इस मामले में पुलिस ने 24 लोगों को गिरफ्तार किया है।
इंडियन मेडिकल एसोसिएशन ने असम में डॉक्टर की पिटाई की घटना पर गहरा दुख व्यक्त किया है। आईएमए के प्रसिडेंट डॉ. जे. जयलाल ने कहा कि इंडियन मेडिकल एसोसिएशन और देश की पूरी बिरादरी युवा और शानदार डॉक्टर सीयूज कुमार सेनापति की पिटाई से दुखी और गुस्से में है। यह समय है जब सरकार को उनके मनोबल और डॉक्टरों के स्वास्थ्य को बचाना चाहिए। उन्होंने कहा कि एक तरफ लोग डॉक्टरों के ऊपर बुरी तरह टीका-टिप्पणी करते हैं और दूसरी तरफ वे डॉक्टरों पर हमले कर रहे हैं। अस्पतालों को सुरक्षित जोन की घोषणा होनी चाहिए ताकि डॉक्टर वहां पर सुरक्षित रह पाएंगे। हम ऐसी घटनाओं पर रोक के लिए कड़ी कार्रवाई मांग करते हैं।
असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्व सरमा ने बुधवार को बताया कि होजाई जिले में एक डॉक्टर के साथ कथित तौर पर मारपीट करने के मामले में 24 लोगों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने कहा कि वे मामले में जल्द एक पुख्ता अरोपपत्र दाखिल करेंगे ताकि मंगलवार को उडाली कोविड देखभाल केन्द्र में डॉ. सीयूज कुमार सेनापति के साथ की कई कथित मारपीट के मामले में शामिल सभी लोगों को दंडित किया जा सके। सरमा ने ट्वीट किया कि बर्बर हमले के मामले में 24 लोगों को गिरफ्तार किया गया है और आरोपपत्र जल्द दाखिल किया जाएगा। मैं खुद जांच पर नजर बनाए हूं और वादा करता हूं कि कानून के तहत न्याय किया जाएगा। पुलिस महानिदेशक भास्कर ज्योति महंत ने कहा कि वह इस घटना को बेहद गंभीरता से ले रहे हैं क्योंकि वैश्विक महामारी में चिकित्सक अग्रिम मोर्च पर तैनात हैं और सेनापति पर हुआ यह हमला अग्रिम मोर्च के कर्मचारियों पर हुए हमले के बराबर है।
