नीतीश कुमार ने लगाई विपक्ष की क्लास
पटना। बिहार को विशेष राज्य का दर्जा नहीं मिलने पर विधानसभा में मॉनसून सत्र के तीसरे दिन बुधवार को भी विपक्ष ने जोरदार हंगामा किया। सदन में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के बोलने के दौरान कांग्रेस और राजद के विधायकों ने हाय-हाय के नारे लगाए। इसके बाद सीएम नीतीश कुमार भड़क गए और कहा कि इतना दिन से आंदोलन कर रहे थे। जब केंद्र में यूपीए की सरकार थी तब क्यों नहीं दिए थे विशेष दर्जा और आज हंगामा कर रहे हैं। हंगामा इतना बढ़ गया कि सदन को दोपहर दो बजे तक के लिए स्थगित कर दिया गया।
सदन के स्थगित होने से पहले सीएम नीतीश कुमार ने कहा कि अरे ई सब चीजवा तो हम्हीं न किए हैं जी और आप लोग साथ दिए हैं। कुछ आइडिया था आप लोगों के पास। अरे सही चीज बोलिए। कांग्रेसी हैं आप बोलिए सही। कोई बतवा मानें थे। कल बड़ा भारी आंदोलन कर रहे थे। जब हमलोग 10 से आंदोलन कर रहे थे जी कि बिहार को विशेष राज्य का दर्जा मिले तो आपका पर्टिया नहीं दिया। ये दोनों एक साथ थे (राजद.कांग्रेस)। अब आजकल बोल रहे हैं। ऐसे ही काहे बोलते हैं।
सीएम नीतीश मसौढ़ी से राजद विधायक रेखा देवी को फटकार लगाते हुए कहा कि महिला हो, समझती नहीं हो। इन लोगों ने महिलाओं को कभी आगे बढ़ने नहीं दिया। सीएम नीतीश कुमार ने कहा कि अरे महिला हो कुछ जानती नहीं हो आज महिला होकर बोल रही हो। राजद के समय कभी किसी महिला को बोलने की इजाजत थी। कभी वो लोग किसी महिला को आगे बढ़ाए थे। 2005 के बाद हमने महिला को बढ़ाया। हम जो कह रहे है उसको सुनो। क्या हुआ सुनोगे नहीं, हम तो सुनाएंगे। सीएम नीतीश ने आगे कहा कि हम लोगों ने कह दिया तो केंद्र ने विशेष राज्य के दर्जा के अलावे कई तरह से मदद करना शुरू कर दिया है। आप देख रहे हैं कि केंद्र अतिरिक्त मदद दे रहा है और जो कुछ भी हमलोगों ने कहा है उसके लिए भी वो लोग करेंगे । आरक्षण का दायरा बढ़ाने के लिए हमलोग सुप्रीम कोर्ट तक गए हैं और केंद्र को भी कह दिए हैं कि इसको 9वां अनुसूची में शामिल करिए।
विदित हो कि वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने 2024.25 के लिए लगातार सातवीं बार और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अगुवाई वाली राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन ;सरकार के तीसरे कार्यकाल का पहला बजट मंगलवार को लोकसभा में पेश किया। इस बजट में सरकार ने बिहार के लिए कई खास प्रोजेक्ट का एलान करते हुए बिहार को सड़क, एयरपोर्ट, मेडिकल कॉलेज और बिजनेस कोरिडोर का तोहफा दिया है।
वित्त मंत्री ने बजट में बिहार की सड़क.संपर्क परियोजनाओं के लिए 26 हजार करोड़ रुपये देने का एलान किया है। इससे पटना.पूर्णिया एक्सप्रेसवे, बक्सर.भागलपुर एक्सप्रेसवे का विकास होगा। बोधगया, राजगीर, वैशाली और दरभंगा सड़क संपर्क परियोजनाओं का भी विकास होगा। बक्सर में गंगा नदी पर दो लेन वाला एक अतिरिक्त पुल बनाने में भी मदद होगी। बिहार में 21 हजार 400 करोड़ रुपये की लागत से विद्युत परियोजनाएं शुरू की जाएंगी। इसमें पिरपैंती में 2400 मेगावॉट के एक नए संयंत्र की स्थापना भी शामिल है।वित्त मंत्री अपने बजट भाषण में कहा कि पर्यटन के विकास पर केंद्र सरकार का विशेष ध्यान है। बोधगया के महाबोधि मंदिर के लिए कॉरिडोर निर्माण किया जाएगा। गया के विष्णुपद मंदिर के लिए कॉरिडोर बनेगा। यह काशी विश्वनाथ कॉरिडोर के विकास पर आधारित होंगे। राजगीर भी बौद्ध और जैन श्रद्धालुओं के लिए महत्वपूर्ण स्थान हैं। राजगीर के तीर्थ क्षेत्रों का भी विकास होगा। नालंदा को भी पर्यटन केंद्र के रूप में मजबूत करने के लिए वहां विकास किया जाएगा। वित्तमंत्री ने कहा कि बिहार में नए एयरपोर्ट, मेडिकल कॉलेजों और खेलकूद की अवसंरचना का भी निर्माण होगा। पूंजीगत निवेशों में सहायता के लिए अतिरिक्त आवंटन उपलब्ध कराया जाएगा। बिहार सरकार के बहुपक्षीय विकास बैंकों से बाह्य सहायता के अनुरोध पर तेजी से कार्यवाही होगी। इससे पूर्व वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा कि मुझे 2 लाख करोड़ रुपये के केंद्रीय परिव्यय के साथ 5 वर्षों में 4.1 करोड़ युवाओं के लिए रोजगार, कौशल और अन्य अवसरों की सुविधा के लिए 5 योजनाओं और पहलों के प्रधानमंत्री पैकेज की घोषणा करते हुए खुशी हो रही है। इस वर्ष हमने शिक्षा, रोजगार और कौशल के लिए 1.48 लाख करोड़ रुपये का प्रावधान किया है।ं
