छतरपुर मामला : औवेसी के सवाल पर सीएम ने दिया जवाब
भोपाल । मध्य प्रदेश के छतरपुर में कोतवाली थाने पर पथराव करने के मामले में मुख्य आरोपित के बिना अनुमति बनाए गए बंगले पर जिला प्रशासन की बुलडोजर चलाने की कार्रवाई को लेकर देशभर राजनीति गरमा गई है। अब इस मामले में आईएमआईएम के प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने सवाल उठाते हुए प्रदेश सराकर पर निशाना साधा है। उन्होंने सोशल मीडिया के माध्यम से कहा कि एक तरफ पीएम नरेन्द्र मोदी संसद में संविधान को चूमते हैं, वहीं भाजपा की सरकार संविधान की धज्जियां उड़ा रही है।
औवेसी ने शनिवार को सोशल मीडिया प्लेटफार्म एक्स पर वीडियो पोस्ट किया है जिसमें उन्होंने कहा कि 21 अगस्त के दिन जो वाकया छतरपुर मध्य प्रदेश में हुआ मैं इसकी मजम्मत करता हूं। जिस तरह सरकार ने हाजी शहजाद अली के घर को डेमोलिश कर दिया। हम इसकी मजम्मत करते हैं। सरकारें चलती हैं तो रूल ऑफ लॉ से चलती हैं रूल ऑफ मॉब के जरिए नहीं।
ओवैसी के बयान पर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव पलटवार किया है। उन्होंने शनिवार देर शाम इंदौर में मीडिया से बात करते हुए कहा कि कोई भी व्यक्ति कानून से बड़ा नहीं होता है। जो कोई भी आतंक का पर्याय बनेगा उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। कानून का जो उल्लंघन करेगा कानून अपना रास्ता बनाएगा। सरकार समाज के काम मे मदद करती है। असामाजिक तत्वों से निपटने में सक्षम है।
विदित हो कि छतरपुर में कोतवाली पुलिस थाने पर पथराव मामले में आरोपितों की लगातार गिरफ्तारी हो रही है। पुलिस ने 46 को नामजद आरोपित बनाया है। शनिवार शाम को सात आरोपितों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया। इसके पहले 22 को गिरफ्तार किया गया था। सभी 29 आरोपितों को अदालत में पेश कर जेल भेज दिया गया है। सीएसपी अमन मिश्रा ने बताया कि मामले में 46 नामजद आरोपित हैं। इनमें से गिरफ्त में आए 22 आरोपितों को शुक्रवार को जेल भेज दिया गया था। शनिवार को 7 अन्य आरोपितों की गिरफ्तारी हुई। पूछताछ में अलग-अलग प्रकार से जानकारी सामने आ रही है। आप यह कह सकते हैं कि यह सुनियोजित तरीके से हुआ है। इसमें कुछ बाहरी भी शामिल हैं। यह पूरी कार्रवाई घटना में शामिल लोगों पर ही हो रही है ताकि आम जनता अपना जीवन शांतिपूर्वक चलाए।
