तेलंगाना में माओवादी गतिविधि फिर तेज
छत्तीसगढ़ में भी बढ़ाई गई सतर्कता
कोठागुडेम/बीजापुर। तेलंगाना के भद्राद्री कोठागुडेम जिले के चरला मंडल में माओवादियों की सक्रियता एक बार फिर सामने आई है। कोठागुडेम गांव के पास मुख्य सड़क पर नक्सलियों ने बड़े-बड़े बैनर और पोस्टर लगाए हैं जिनमें 28 जुलाई से तीन अगस्त तक नक्सल सप्ताह भव्य रूप से मनाने का आह्वान किया गया है।
पोस्टरों में लिखा गया है कि आम जनता जन आंदोलनों के ज़रिए ऑपरेशन कगार को विफल करे। इस कदम को सुरक्षा एजेंसियों ने माओवादियों का मनोबल बढ़ाने और ग्रामीण इलाकों में सहानुभूति बटोरने की कोशिश बताया है। पुलिस ने बैनर.पोस्टर जब्त कर जांच शुरू कर दी है। घटना स्थल छत्तीसगढ़ सीमा से सटा हुआ है इस कारण बीजापुर, सुकमा और दंतेवाड़ा ज़िलों में भी सतर्कता बढ़ा दी गई है। छत्तीसगढ़ पुलिस और केंद्रीय बलों ने सीमावर्ती इलाकों में गश्त तेज कर दी है। जंगलों में ड्रोन से निगरानी और गांवों में खुफिया नेटवर्क को मजबूत किया गया है। छत्तीसगढ़ के एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि अक्सर नक्सली सप्ताह पर बड़ी वारदात की योजना बनाते हैं और उन्हे अंजाम देने की कोशिश करते हैं। हम किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार हैं। गौरतलब है कि बीते कुछ महीनों में छत्तीसगढ़ और तेलंगाना की सीमा पर कई मुठभेड़ें हो चुकी हैं जिनमें पीएलजीए के कई सदस्य मारे जा चुके हैं। ऐसे में नक्सल सप्ताह से पहले छत्तीसगढ़ में सुरक्षा एजेंसियां कोई चूक नहीं करना चाहतीं हैं।
