कांग्रेस की प्राथमिकता राष्ट्रीय सुरक्षा नहीं बल्कि राजनीति : शाह
नई दिल्ली। राज्यसभा में ऑपरेशन सिंदूर पर चर्चा के दौरान गृह मंत्री अमित शाह ने विपक्ष के आरोपों का जवाब देते हुए अपने भाषण में ऑपरेशन महादेव का भी जिक्र किया। श्री शाह ने कहा कि पहलगाम हमले के आतंकियों को सेना ने ढेर कर दिया है। गृह मंत्री अमित शाह ने राज्यसभा में कहा कि ऑपरेशन महादेव में मारे गए तीन आतंकवादियों की पहचान से साफ होता है कि पहलगाम हमले में लश्कर.ए.तैयबा का हाथ था।
श्री शाह ने कहा कि मैं सदन के माध्यम से कल हुए ऑपरेशन महादेव की जानकारी पूरे देश को देना चाहता हूं। कल ऑपरेशन महादेव में सुलेमान, अफगान और जिब्रान नाम के तीन आतंकवादी. सेना, सीआरपीएफ और जम्मू-कश्मीर पुलिस के संयुक्त अभियान में मारे गए। राज्यसभा में अमित शाह ने कहा कि कांग्रेस पार्टी की उदार नीतियो और तुष्टीकरण के दृष्टिकोण ने देश में आतंकवाद को पनपने और फलने फूलने का मौका दिया। शाह ने कहा कि राहुल गांधी ने 2011 के हमले पर कहा था कि सभी आतकी हमले रोके नहीं जा सकते। शाह ने देश के कई शहरों में हुए बम धमाको की लिस्ट गिनाते हुए कहा कि कांग्रेस की सरकार में जयपुर, हैदराबाद, दिल्ली में हुए बम धमाकों में सैकडो लोग मारे गए। एक भी साल ऐसा नहीं हुआ जब आतंकियों ने बम धमाके न किए हों। 2014 तक कांग्रेस ने क्या किया। अब क्यों सवाल खडे कर रहे है। श्री शाह ने कहा कि मोदी के राज में जम्मू कश्मीर को छोडकर देश में कहीं धमाके नहीं हुए। घर में घुसकर परखच्चे उडाने का काम हमारी सरकार कर रही है।
शाह ने कहा कि कांग्रेस ने पाकिस्तान के कब्जे वाला कश्मीर पीओके पाकिस्तान को दिया लेकिन भाजपा सरकार उसे वापस लेगी। उन्होंने कहा कि आज इस सदन में खड़े होकर मैं वादा करता हूं कि जम्मू-कश्मीर आतंकवाद से मुक्त होगा। यह नरेंद्र मोदी सरकार का संकल्प है। शाह ने कहा कि इस तरह के बर्बर अपराध कभी नहीं हुए जहां लोगों को महिलाओं, बच्चों के सामने मारने से पहले उनका धर्म पूछा गया। शाह ने कहा कि कांग्रेस की प्राथमिकता राष्ट्रीय सुरक्षा नहीं बल्कि राजनीति है। वह वोटबैंक और तुष्टीकरण की राजनीति में लिप्त हैण्
अमित शाह ने कांग्रेस नेता और पूर्व गृह मंत्री पी चिदंबरम के दो दिन पहले के एक बयान का हवाला देते हुए कहा कि कांग्रेस नेता ने उनके इस्तीफे की मांग की और प्रश्न किया कि सरकार के पास क्या सबूत हैं कि पहलगाम हमले को अंजाम देने वाले पाकिस्तानी आतंकवादी थे। गृह मंत्री ने कहा कि वह इस सदन के माध्यम से चिदंबरम से पूछना चाहते हैं कि वह किसे बचाना चाहते थे। पाकिस्तान को, लश्कर.ए.तैयबा को या आतंकवादियों को। उन्होंने कहा कि जिस दिन यह प्रश्न पूछा उसी दिन तीनों आतंकवादी ढेर हो गये। उन्होंने कहा कि चिदंबरम ने कांग्रेस की मानसिकता को पूरी दुनिया के सामने उजागर कर दिया। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस अपने वोट बैंक को बचाने के लिए पाकिस्तान और लश्कर.ए.तैयबा का बचाव करने से भी नहीं डरती है।
